एक भयानक तूफ़ाँ आया पूरा छप्पर उड़ा दिया
लेकिन फिर मेरी हिम्मत ने सारा मंज़र उड़ा दिया
जितना पैसा लाई थी वो हफ़्तों तक बर्तन धोके
उस के शौहर ने इक दिन में दारू पी कर उड़ा दिया
हार गए जब दुनिया के सब वीर बहादुर और राजा
इक लड़के ने धनुष उठाया और स्वयंवर उड़ा दिया
हैरानी से दंग हुए तब जादू देख रहे सब लोग
एक कबूतर ने ग़ुस्से में जब जादूगर उड़ा दिया
डूब चुके थे उस की आँखों में हम इतने, मत पूछो
क्या बतलाएँ चिड़िया उड़ में हम ने बन्दर उड़ा दिया
— Tanoj Dadhich















