जो रब ने चाहा तो देख लेना कि हम अचानक कहीं मिलेंगे

कहाँ लिखा है मिलेंगे हम तुम कहाँ लिखा है नहीं मिलेंगे

हमारे ख़त का जवाब देना सही समझना तो ख़त में लिखना
जहाँ पे हम तुम बिछड़ गए थे पलट के आना वहीं मिलेंगे

ख़ुदा की दुनिया यहाँ भी है औ ख़ुदा की दुनिया वहाँ भी है ना
ख़ुदा की मर्ज़ी अगर हुई तो इसी जनम में यहीं मिलेंगे

सँभाल रख्खी है तेरी फ़ोटो जो मैं ने हिजरत में तुझ से माँगी
वो जिस के पीछे लिखा था तुम ने करो भरोसा कहीं मिलेंगे

लिखे हुए का करें भरोसा या मन की सुन के करें मोहब्बत
जहाँ लिखा है मिलेंगे हम तुम, वहीं लिखा है नहीं मिलेंगे

— Gaurav Singh

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