जब मुझ को तुझ सेे चाहत हो जाती तोफिर मुझ को तेरी आदत हो जाती तोतुझ को अपने घर तक तो मैं ले जातामेरे घर जा कर आफ़त हो जाती तो— Deva morya 'Raahi'