क्या भला दिन रात रोना, यार बदलोकुछ नहीं रक्ख़ा ग़मों में सार, बदलोसाल बदला है, सुनो अब तुम भी अपनारंग बदलो, चाल बदलो, प्यार बदलो— Ravi 'VEER'