मुझे वो याद मेरा बचपना दिलाती हैउछल उछल के वो बारिश में जब नहाती हैमैं जिस के सिर्फ़ तसव्वुर से मुस्कुराता थाअब उस की याद मुझे रात दिन रुलाती है— Abid aseer