@mohitdixit
Mohit Dixit shayari collection includes sher, ghazal and nazm available in Hindi and English. Dive in Mohit Dixit's shayari and don't forget to save your favorite ones.
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दयार-ए-ग़ैर में तुम ख़ुद से ख़ुद में तन्हा हो
जो तुमको चाहते थे अब भी चाहते होंगे
जिन भी आँखों ने तेरा ख़्वाब सजाया होगा
फिर कभी उनको ज़माना नहीं भाया होगा
वो तुझे दोस्त बताते हैं मुझे हैरत है
इन अदाओं पे उन्हें प्यार तो आया होगा
हम ऐसे लोग भी जाने कहाँ से आते हैं
ख़ुशी में रोते हैं जो ग़म में मुस्कुराते हैं
हमारा साथ भला कब तलक निभाते आप
कभी कभी तो हमीं ख़ुद से ऊब जाते हैं
मेरे रक़ीब तू उस रोज़ मुझसे जीतेगा
तुझे वो जब ये बता दे कि एक लड़का था
फिर उसके बाद उसे मेरा सच बता देना
अगर वो कहने लगे दिल का नेक लड़का था
मैं उसे देखता आया हूँ कई बरसों से
मेरी आँखों में अभी तक वही हैरत क्यूँ है
उसके मेयार की मुझमें कोई भी बात नहीं
सोचता हूँ कि उसे मुझसे मोहब्बत क्यूँ है
ज़ेहन-ओ-दिल में मेरे पेच है इक फँसी तुझको जाना है तो जा चला जा अभी
इश्क़ है तुझसे या है महज़ दिल्लगी तुझको जाना है तो जा चला जा अभी
ये तअल्लुक़ भी आसाँ नहीं हम-सफ़र मोड़ आने हैं आएँगे आगे मगर
घर पलटने का ये मोड़ है आख़िरी तुझको जाना है तो जा चला जा अभी
कितने दिन हो गए तुमको देखे हुए
शायद अरसा हुआ हो पता ही नहीं
वक़्त तो रुक गया है घड़ी चलती है
मैं घड़ी की तरफ़ देखता ही नहीं
अपने रंगों उमंगों भरे आस्माँ पर
जैसे बे-रंग बादल कोई छा चुका है
मेरी नम आँखों पर क्यूँ परेशान हो तुम
यार इनमें तो सैलाब तक आ चुका है
इक हुस्न-ए-बे-मिसाल है मेरी निगाह में
देखो उस ओर मेरा इशारा है उस तरफ़
अब नाव अपनी डूबने वाली है साथियों
जो तैर सकते हो तो किनारा है उस तरफ़
वो लोग मुझसे कह रहे थे आपका दिन अच्छा हो
उन्हें नहीं पता कि मेरी ज़िंदगी ख़राब है
हमने हर शय में तलाशी है कोई और ही शय
और इसी धुन में हमेशा रहे खोए खोए
फिर किसी और के धोखे में किसी को चाहा
फिर किसी और के काँधे पे किसी को रोए
तुम्हें यक़ीन नहीं आएगा लेकिन मैं सच कहता हूँ
मैं ने उस इंसान को देखा भी है और जिया भी है
गईं जो सर्दियाँ दरख़्त सूखने लगे
हवा भी चीखने लगी ये दिन उदास हैं
इन्हीं दिनों की इक सहर जुदा हुए थे हम
इसीलिए तो आज भी ये दिन उदास हैं
आइना क्यूँ ख़रीद कर रक्खें
जब सँवरने का दिल नहीं करता
इश्क़ ही था जो दिल से करते थे
वो भी करने का दिल नहीं करता